सार्वजनिक जीवन

सुदेश शर्मा 2007 से 2012 तक मोदीनगर नगर पालिका के चेयरमैन रहे। फिर मार्च 2012 से मार्च 2017 तक, सोलहवीं विधानसभा में, मोदीनगर के विधायक रहे। 2012 में उन्होंने यह सीट जीती, कस्बे के सवाल सदन तक ले गए, और 27 नवंबर 2022 को मेरठ में भारतीय जनता पार्टी में शामिल हुए। नीचे उन्हीं वर्षों का लेखा है।

  1. 2007

    पहला विधानसभा चुनाव

    उन्होंने भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के टिकट पर मोदीनगर से अपना पहला विधानसभा चुनाव लड़ा। 11,690 मत पड़े, 7.66 प्रतिशत, छठा स्थान। उसी वर्ष से वे नगर पालिका के चेयरमैन भी रहे। कस्बे ने उन्हें उस बार लखनऊ नहीं भेजा। नगर का काम उनके पास रहा।

    स्रोत: IndiaVotes
  2. 2007–12

    नगर पालिका के चेयरमैन

    पाँच वर्ष वे मोदीनगर नगर पालिका के चेयरमैन रहे। वार्ड, सड़क और कस्बे का रोजमर्रा का शासन इसी कुर्सी से चलता है। 2011 की जनगणना में इस नगर पालिका परिषद में 1,30,325 लोग और 26 वार्ड थे। यह विधानसभा से पहले की उनकी जिम्मेदारी थी, और विधानसभा के बाद भी कस्बे से उनका रिश्ता यहीं से बना रहा।

  3. 2012

    मोदीनगर से जीत

    राष्ट्रीय लोक दल के टिकट पर वे मोदीनगर से विधायक चुने गए। 58,635 मत, 33.08 प्रतिशत। बहुजन समाज पार्टी के राजपाल सिंह दूसरे रहे, 13,949 मत पीछे। उनसे पहले यही सीट राजपाल सिंह के पास थी। 2,83,131 मतदाताओं में से 1,77,263 ने मत दिया। मतदान 62.6 प्रतिशत रहा।

    एक स्वागत में लोगों के साथ।
    एक स्वागत में लोगों के साथ।
    स्रोत: IndiaVotes
  4. 2012–17

    विधायक और सदन के उपनेता

    मार्च 2012 से मार्च 2017 तक उन्होंने उत्तर प्रदेश की सोलहवीं विधानसभा में मोदीनगर का प्रतिनिधित्व किया। इस कार्यकाल में वे सदन में उपनेता रहे और मुजफ्फरनगर दंगों की जाँच से जुड़े सदन के काम में शामिल रहे। कस्बे की बात वे लखनऊ तक ले जाते रहे, और लोगों के बीच जनसभा और मुलाकात में खड़े रहे।

    एक सार्वजनिक आयोजन में।
    एक सार्वजनिक आयोजन में।
  5. 2014

    मिल मज़दूरों का बकाया

    फरवरी 2014 में उन्होंने मोदीनगर की बंद मोदी कपड़ा मिल के मज़दूरों का बकाया विधानसभा में उठाया। ये मिलें 1980 के दशक में बंद हुई थीं। कभी यहाँ करीब बीस हज़ार लोग काम करते थे। उन्होंने सदन को बताया कि मज़दूरों के लगभग 60 करोड़ रुपये अभी भी बाकी हैं। यह कस्बे का पुराना दर्द था, और उन्होंने उसे सदन के पटल पर रखा।

  6. 2017

    विधानसभा चुनाव

    उन्होंने फिर राष्ट्रीय लोक दल से मोदीनगर का चुनाव लड़ा। 29,477 मत पड़े, 13.72 प्रतिशत, चौथा स्थान। सीट डॉ. मंजू शिवाच के पास गई। वे मैदान में रहे, और अगले चुनाव में उनका मतदान इससे कहीं बड़ा हुआ।

    स्रोत: IndiaVotes
  7. 2022

    सबसे बड़ा मतदान

    समाजवादी पार्टी और राष्ट्रीय लोक दल के गठबंधन में वे रालोद प्रत्याशी रहे। 78,730 मत, 35.31 प्रतिशत। यह उनके चार चुनावों में सबसे बड़ा मतदान है। डॉ. मंजू शिवाच से 34,619 मतों से पीछे, वे दूसरे स्थान पर रहे। हार के बाद भी मोदीनगर में उनका आधार इतना बड़ा रहा।

    स्रोत: IndiaVotes
  8. 2022

    भारतीय जनता पार्टी

    27 नवंबर 2022 को मेरठ में वे भारतीय जनता पार्टी में शामिल हुए। वे मोदीनगर के पूर्व चेयरमैन और पूर्व विधायक के रूप में पार्टी में आए, और तब से सार्वजनिक प्रतिनिधियों के साथ और कस्बे के कार्यक्रमों में मौजूद हैं।

    प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के साथ।
    प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के साथ।
    स्रोत: ThePrint

चुनाव आंकड़े

मतसंख्या भारत निर्वाचन आयोग के संकलन से है।

  • 2007
    भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस

    11,690 मत · 7.66%

    छठा स्थान

    IndiaVotes
  • 2012
    राष्ट्रीय लोक दल

    58,635 मत · 33.08%

    विजयी · अंतर 13,949 मत

    IndiaVotes
  • 2017
    राष्ट्रीय लोक दल

    29,477 मत · 13.72%

    चौथा स्थान

    IndiaVotes
  • 2022
    राष्ट्रीय लोक दल

    78,730 मत · 35.31%

    दूसरा स्थान · अंतर 34,619 मत

    IndiaVotes